MCBछत्तीसगढ़

सुशासन तिहार में जनता से सीधा संवाद- लाखनटोला समाधान शिविर में 156 आवेदनों का त्वरित निराकरण

जिला पंचायत अध्यक्ष यशवंती सिंह ने सुनी ग्रामीणों की समस्याएं, हितग्राहियों को मिला योजनाओं का लाभ

WhatsApp Image 2026-02-06 at 10.57.42 PM
WhatsApp Image 2026-02-06 at 10.57.41 PM (1)
WhatsApp Image 2026-02-06 at 10.57.39 PM (4)
WhatsApp Image 2026-02-06 at 10.57.38 PM (1)
WhatsApp Image 2026-02-06 at 10.57.39 PM (3)
WhatsApp Image 2026-02-06 at 10.57.39 PM (2)
WhatsApp Image 2026-02-06 at 10.57.40 PM
WhatsApp Image 2026-02-06 at 10.57.40 PM (2)
WhatsApp Image 2026-02-06 at 10.57.40 PM (1)
WhatsApp Image 2026-02-06 at 10.57.37 PM (1)
WhatsApp Image 2026-02-06 at 10.57.39 PM (1)
WhatsApp Image 2026-02-06 at 10.57.41 PM
WhatsApp Image 2026-02-06 at 10.57.39 PM
WhatsApp Image 2026-02-06 at 10.57.37 PM
WhatsApp Image 2026-02-06 at 10.57.38 PM

एमसीबी/05 जून 2026/ छत्तीसगढ़ शासन की महत्वाकांक्षी पहल “सुशासन तिहार 2026” के अंतर्गत विकासखंड भरतपुर के ग्राम पंचायत लाखनटोला में आयोजित जिला स्तरीय जनसमस्या निवारण एवं समाधान शिविर जनसेवा, सुशासन और संवेदनशील प्रशासन का प्रभावी उदाहरण बनकर सामने आया। “संवाद से संपूर्ण समाधान” की अवधारणा पर आधारित इस शिविर में ग्राम पंचायत लाखनटोला, रामगढ़, मोहनटोला, मट्टा एवं जोलगी सहित आसपास के क्षेत्रों से बड़ी संख्या में ग्रामीण शामिल हुए और शासन की विभिन्न योजनाओं तथा सेवाओं का लाभ प्राप्त किया।

कार्यक्रम का शुभारंभ छत्तीसगढ़ महतारी के छायाचित्र पर दीप प्रज्ज्वलन के साथ किया गया। शिविर में जिला पंचायत अध्यक्ष श्रीमती यशवंती सिंह मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहीं। उन्होंने ग्रामीणों से सीधे संवाद कर उनकी समस्याएं सुनीं तथा संबंधित अधिकारियों को प्राप्त आवेदनों के त्वरित, गुणवत्तापूर्ण एवं समयबद्ध निराकरण के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार की मंशा है कि आम नागरिकों को अपनी समस्याओं के समाधान के लिए कार्यालयों के चक्कर न लगाने पड़ें, बल्कि प्रशासन स्वयं गांवों तक पहुंचकर समस्याओं का निराकरण सुनिश्चित करे।

शिविर में विभिन्न विभागों से संबंधित कुल 156 आवेदन प्राप्त हुए, जिनमें राजस्व, खाद्य, सामाजिक सुरक्षा, कृषि, पंचायत एवं ग्रामीण विकास सहित अन्य विभागों से जुड़े प्रकरण शामिल रहे। कई मामलों में मौके पर ही निराकरण कर हितग्राहियों को तत्काल राहत प्रदान की गई, जबकि शेष आवेदनों को निर्धारित समय-सीमा में निराकरण के लिए संबंधित विभागों को सौंपा गया।

शिविर के दौरान शासन की जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ भी पात्र हितग्राहियों को प्रदान किया गया। खाद्य विभाग द्वारा कैलाशिया बैगा का प्राथमिकता राशन कार्ड निरस्त कर तत्काल अंत्योदय राशन कार्ड स्वीकृत किया गया, जिससे उन्हें खाद्य सुरक्षा योजनाओं का अधिक लाभ प्राप्त होगा। कृषि विभाग द्वारा किसानों को मूंग बीज वितरित किए गए, वहीं वन विभाग ने पर्यावरण संरक्षण को बढ़ावा देने के उद्देश्य से पौधों का वितरण किया।

महिला एवं बाल विकास विभाग द्वारा आयोजित गोद भराई कार्यक्रम शिविर का विशेष आकर्षण रहा। कार्यक्रम में गर्भवती महिलाओं का सम्मान पूर्वक गोद भराई संस्कार संपन्न कराया गया तथा उन्हें मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य, संतुलित पोषण और सुरक्षित प्रसव संबंधी महत्वपूर्ण जानकारी प्रदान की गई। इसके साथ ही महिलाओं एवं बच्चों के स्वास्थ्य, पोषण तथा विभिन्न हितग्राही मूलक योजनाओं के संबंध में भी जागरूकता दी गई।

ग्रामीणों ने समाधान शिविर को प्रशासन और जनता के बीच संवाद का प्रभावी मंच बताते हुए शासन की इस पहल की सराहना की। उन्होंने कहा कि गांव स्तर पर आयोजित ऐसे शिविरों से समस्याओं का त्वरित समाधान होने के साथ-साथ योजनाओं की जानकारी और लाभ भी सीधे मिल रहा है।

कार्यक्रम में जिला पंचायत सदस्य श्रीमती सुखमंती सिंह, जनपद पंचायत अध्यक्ष श्री माता प्रताप सिंह, जनपद सदस्य श्रीमती फूलबाई, श्रीमती नंदनी गुप्ता, धर्मपाल मरावी, श्रीमती सविता सिंह, ग्राम पंचायत लाखन टोला की सरपंच श्रीमती लीला सिंह सहित अन्य जनप्रतिनिधि उपस्थित रहे। वहीं मुख्य कार्यपालन अधिकारी जनपद पंचायत भरतपुर, तहसीलदार तथा विभिन्न विभागों के ब्लॉक स्तरीय अधिकारी-कर्मचारी भी शिविर में मौजूद रहे।

शिविर ने एक बार फिर यह साबित किया कि सुशासन तिहार केवल शिकायतों के निराकरण का अभियान नहीं, बल्कि शासन और जनता के बीच विश्वास, संवाद और सेवा का सशक्त माध्यम बन चुका है।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button